जीवन में अन्य रास्ते भी हैं

समाचार – इस साल कोटा में IIT की तैयारी कर रहे 26 बच्चों ने आत्महत्या की । मुख्य कारण : बच्चों में उत्पन्न किए गए बहुत बड़े बनने के सपने, बच्चों की अपने घर से दूरी, बहुत जादा धन खर्च, बहुत जादा मेहनत और सेलेक्शन होने के कम chances बच्चों में तनाव उत्पन्न करते हैं जिससे वह टूट जाता है ।

सुझाव : IIT में सेलेक्शन हो जाने से हर कोई बड़ा आदमी नहीं बन जाता है, यही सत्य है । IIT के अलावां सफलता के हजारों दूसरे अच्छे रास्ते भी हैं । बच्चे को जो रास्ता सहज लगे उस पर उसे चलने दें । उस पर अपनी रुचि को न थोपें । उस पर सफलता के अपने फॉर्मूले को न थोपें । उसे उसकी जिंदगी जीने दें ।

अंतिम सुझाव : बच्चे को सच्चा, संस्कारी, आज्ञाकारी बनाइए । उसमे सेवाभाव हो, मर्यादा हो, अच्छे आचरण हों । उसे सभी से अच्छे से बोलना आए, बात चीत करना आए । वह दुनिया का लेन देन समझे, व्यवहार समझे । वह सफल होगा । चाहे वो जिस भी स्कूल या कॉलेज से हो, चाहे जो विषय पढ़ा हों, वो सफल होगा । उसके गुण उसे सफल बनाएंगे ।

चलते चलते : मैंने अपनी जिंदगी में BA, MA पढ़े व्यक्ति को रिलायंस जैसी कंपनी का डायरेक्टर बनते देखा है और IIT पास इंजीनियर को सड़क नापते हुए भी देखा है । MBBS पास डॉक्टर को झोला लेकर गली गली घूमते हुए भी देखा है । डिग्री सफलता की गारेंटी नहीं हो सकती । अगर ऐसा होता तो हमारे देश में करोड़ों डिग्री धारक हैं । मनुष्य को सफलता गुणों से मिलती हैं । इसलिए गुणों पर ध्यान दें । उसे पहचाने और हासिल करें । जीवन सफल होगा ।

सभी बच्चों को आशीर्वाद !